उत्तराखंड

गंगोत्री-गोमुख ट्रैक अनुमति 1 अप्रैल से शुरू करने की मांग- उत्तरकाशी के एक्सप्लोर पोर्टल में बदलाव की भी जरूरत बताई 

उत्तरकाशी: गढ़वाल हिमालय ट्रैकिंग एवं माउंटेनियरिंग संगठन ने जिला अधिकारी  उत्तरकाशी  से मुलाकात कर मांगों को लेकर ज्ञापन  सौंपा  है, जिसमें गंगोत्री-गोमुख ट्रैक अनुमति एक अप्रैल से शुरू करने की मांग की गई है।

संगठन के अध्यक्ष जयेंद्र सिंह राणा ने पत्र में कहा है कि उत्तराखंड शासन के शासनादेश  अनुसार गंगोत्री नेशनल पार्क अंतर्गत गंगोत्री-गोमुख ट्रैक के लिए अनुमति अवधि प्रत्येक वर्ष 1 अप्रैल से 30 नवंबर तक निर्धारित है, लेकिन गत दो वर्षों से अनुमति 20 अप्रैल के पश्चात निर्गत की जा रही है, जिससे ट्रैकिंग गतिविधियों का संचालन प्रभावित हो रहा है।

जयेंद्र सिंह राणा ने कहा कि अनुमति निर्गत होने में विलंब से न केवल व्यवसायिक गतिविधियाँ प्रभावित होती हैं, अपितु स्थानीय रोजगार, स्वरोजगार एवं क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसलिए, उन्होंने जिलाधिकारी  से अनुरोध किया है कि शासनादेश के अनुपालन सुनिश्चित कराते हुए गंगोत्री-गोमुख ट्रैक की अनुमति 1 अप्रैल से विधिवत रूप से प्रारंभ कराए जाने के लिए जिला पर्यटन विकास अधिकारी को आवश्यक दिशा-निर्देश निर्गत करने की  मांग उठाई गई है।

गढ़वाल हिमालय ट्रैकिंग एवं माउंटेनियरिंग संगठन ने जिलाधिकारी उत्तरकाशी प्रशांत आर्य को पत्र लिखकर एक्सप्लोर पोर्टल डॉट कॉम पोर्टल में बदलाव की मांग की है। संगठन के अध्यक्ष जयेंद्र सिंह राणा ने बताया कि ट्रेकिंग अनुमति प्रणाली में व्यावहारिक खामियां हैं, जिससे पर्यटन गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं।

उन्होंने बताया कि  उत्तराखंड ट्रैकिंग नियमावली 2026 पोर्टल प्रणाली में पर्यटकों और गाइड को ट्रेकिंग परमिट आवेदन को एक्सेप्ट करने का अधिकार दिया गया है, जबकि ट्रेकिंग गतिविधि से संबंधित संपूर्ण कानूनी, प्रशासनिक, सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन संबंधी दायित्व टूर ऑपरेटर एवं कंपनी पर ही निर्धारित होता है। संगठन ने सुझाव दिया है कि
ट्रेकिंग परमिट आवेदन को एक्सेप्ट करने का अधिकार टूर ऑपरेटर, कंपनी को दिया जाना चाहिए, न कि पर्यटकों या गाइडों को। इससे अनुमति प्रक्रिया सरल होगी और स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *